देहरादून। उत्तराखंड में मौसम ने अचानक करवट लेकर लोगों को चिलचिलाती गर्मी से बड़ी राहत दी है। पहाड़ी इलाकों में हुई हल्की बूंदाबांदी का असर अब मैदानों में भी साफ नजर आने लगा है। तापमान में गिरावट के साथ जहां लोगों ने राहत की सांस ली, वहीं मौसम विभाग ने आज कई जिलों के लिए ओलावृष्टि और तेज तूफान को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।
मंगलवार सुबह से ही प्रदेश के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बादलों की आवाजाही और हल्की बारिश का सिलसिला शुरू हो गया था। इसका असर देहरादून समेत मैदानी इलाकों में भी देखने को मिला, जहां अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई। तेज धूप और उमस से जूझ रहे लोगों को अचानक बदले मौसम ने सुकून दिया।
दिनभर आसमान में हल्के बादलों का डेरा रहा, जिससे धूप की तीव्रता कम हो गई। शाम होते-होते चली ठंडी हवाओं ने मौसम को और भी सुहावना बना दिया। पार्कों, बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर लोगों की बढ़ती आवाजाही इस राहत को साफ तौर पर बयां करती नजर आई।
मौसम विभाग के अनुसार नैनीताल, टिहरी, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों के कुछ हिस्सों में आज ओलावृष्टि, तेज बारिश और लगभग 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। इसे देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
विशेषज्ञों का कहना है कि पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही हल्की बारिश और बादलों की मौजूदगी के कारण तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की गई है। आने वाले कुछ दिनों तक मौसम का यही मिजाज बना रहने की संभावना है, जिससे गर्मी का असर काफी हद तक नियंत्रित रहेगा।
हालांकि, मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है, खासकर पहाड़ी इलाकों में यात्रा करने वालों और खुले स्थानों पर काम करने वालों को। तेज हवाओं और ओलावृष्टि के चलते फसलों, पेड़ों और कमजोर संरचनाओं को नुकसान पहुंच सकता है।
मौसम के इस बदले रुख ने जहां एक ओर लोगों को राहत दी है, वहीं दूसरी ओर संभावित खतरे को देखते हुए सतर्कता भी जरूरी हो गई है। आने वाले दिनों में उत्तराखंड में मौसम का यह उतार-चढ़ाव लोगों के लिए राहत और चुनौती दोनों लेकर आ सकता है।
